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Saturday, November 29, 2014

Maithili Parichhan Geet-Ab Sita Rahali Kumari ho Rama

 अब सीता रहली कुमारी हो रामा धनुषा नहि टुटे,
कठिन र्पन जनक जी ने ठानल लोहे के धनुषा बनाई हो रामा धनुषा नहि टुटे
देशही देश, जनक जी नेयोत पठाओल, अयोध्या मे परल हकार हो रामा धनुषा नहि टुटे
देशही देशके भुप सब आयल धनुषा छुवी छुवी जाय हो रामा धनुषा नहि टुटे
मुनीजीके सँग दुई बालक आयल एक ही श्यामल एक गोर हो रामा
बामे कन्धा रामा धनुषा उठाओल दाहीन कयल तीन खण्ड हो रामा
एक ही खण्ड आकाश हो लागल, एक खण्ड लागल पताल हो रामा
एक ही खण्ड जनकपुर खसल धनुषा कयल चुरम चुर हो रामा
भेल विवाह परल सिर सिन्दुर सीता लिय अगुँली लगाई हो रामा
धनुषा अब टुटल, अब सीता नहि रहली कुमारी हो रामा ।।
(२)
आठमे वर्षक सीता आनी न जानी हे कुमारी सीता
नवोमे उठे उद फान हे कुमारी सीता
दशमे वरखक सीता मरबा चढी बैसल हे कुमारी सीता
बाबा करथीन कन्याँ दान हे कुमारी सीता
मोती जाका झहरनी लोर हे कुमारी सीता
भेटल तपसी भिखार हे कुमारी सीता
हमरो करम बाबा लिखल वर तपसी हे कुमारी सीता
लिखल मेटल नहि जायत हे कुमारी सीता ।।






किछ परिछनक भिडियो गीत


Saturday, November 22, 2014

Maithili Maheswani song-Apni barat shiv sajiliyo re himanchal nagariya

Saturday, October 18, 2014

Maithili Phool lodhan ke geet - Tirhut Nagariya me bel ke re gachiya

बेलपात लोठ के गीत


तीरहुत नगरीया मे बेल के रे गछीया हे सोहाबन लागे
रघुबर तोरत बेलपात हे ।।
तीरहुत नगरीया मे फुल के रे गछीया हे दुल्हा तोरत अरहुल फुल हे सोहाबन लागे ।।
सोनाके साजी गौरी तोरु बेलपात हे सोहाबन लागे ।।
सीता पुजु गनराज हे सोहाबन लागे ।।

                          २

बगीया मे आयल छथी श्याम कीशोर, देखी देखी मनमा नाचे जेना नाचे मोर
माथ मकुट शोभे हाथ शोभे धनुषा नैना काजर शोभे तिरछी नजरीया
मन मुस्कान करे मन मोहे मोर, देखी देखी मनमा नाचे जेना नाचे मोर ।।
कहलो नै जाय सखी रुप बदनमा, चारु दिश घुमी घुमी लोठीलेला चम्पाके कलीया
लोठन गईले दुई चीत चोर, देखी देखी मनमा नाचे जेना नाचे मोर ।।
जेना कमल छथी श्यामलबदनमा तेहने सुन्दर छथी बनीके सजनमा
बगीयामे आयल छथी श्याम कीशोर, देखी देखी मनमा नाचे जेना नाचे मोर ।।






किछ सुन्दर मैथिली भिडियो गीत




Sunday, October 12, 2014

Maithili Lok Geet - Hum nai Jayeb Piya Kauno sahar me




मैथिली लोकगीत



हम नै जायब पिया कौनो शहरमे
जीन्दगी बिताएब हम मिथीला नगरमे ।। २ ।।

छोटकी ननैद छथीन हमर बड सहलोली
मिश्री मिठ छैक सासुजी के बोली
बेटा बेटा ससुर कहै छैथ आठो पहरमें ।। जिन्दगी .............. ।।



भाभी भाभी हमरा छोटका देवर कहैय
मिथिला नगरके सब जान परैय
दिदी दिदी कहे छोटकी देवरानी आठो पहर में ।। जिन्दगी .............. ।।

मिथिला ऐहन देश हमरा कतौ नै भेटतै
सासु ससुर हमर कैन्ते कैन्ते भरतै
नाहक मे जिन्दगी हमर परतै नरक में ।।
जीन्दगी बिताएब हम मिथीला नगरमे ।। २ ।।






 












मैथिली लोकगीत

हम नै जायब पिया कौनो शहरमे
जीन्दगी बिताएब हम मिथीला नगरमे ।। २ ।।

छोटकी ननैद छथीन हमर बड सहलोली
मिश्री मिठ छैक सासुजी के बोली
बेटा बेटा ससुर कहै छैथ आठो पहरमें ।। जिन्दगी .............. ।।

भाभी भाभी हमरा छोटका देवर कहैय
मिथिला नगरके सब जान परैय
दिदी दिदी कहे छोटकी देवरानी आठो पहर में ।। जिन्दगी .............. ।।

मिथिला ऐहन देश हमरा कतौ नै भेटतै
सासु ससुर हमर कैन्ते कैन्ते भरतै
नाहक मे जिन्दगी हमर परतै नरक में ।।
जीन्दगी बिताएब हम मिथीला नगरमे ।। २ ।।





 

Wednesday, October 8, 2014

Maithili Vivah Geet - Muthi Ek Uchh Xathin

मैथिल बिबाहक गीत 



मुठी एक उँच छथीन सीयाके सजनवाँ हे ।। २
सिया के सजनवा सखि हे दशरथ के ललनवाँ हे ।। २
मुठी एक उँच छथीन ..........

श्यामल गोर किशोर मनोहर आयल जनक भवनमाँ हे
माथपर हुनका चमकै छैन लालेलाल चन्दनमाँ हे
मुठी एक उँच छथीन ........


दशरथ गोर कौशिल्या गोरी राम भरत किया करीया हे
बुझि परैय किछु गडबड अछी बितगेल हुनकर उमरीया हे
मुठी एक उँच छथीन ........

साजी बरात अबध पुरी सौँ आयल मिथिला नगरीया
सब मिथिलानी बरात परिछकै जुरय लैन अपन नयनमा हे
मुठी एक उँच छथीन सीयाके सजनवाँ हे ।।

 

 









मैथिल गीत ( बिबाहक गीत )

मुठी एक उँच छथीन सीयाके सजनवाँ हे ।। २
सिया के सजनवा सखि हे दशरथ के ललनवाँ हे ।। २
मुठी एक उँच छथीन ..........

श्यामल गोर किशोर मनोहर आयल जनक भवनमाँ हे
माथपर हुनका चमकै छैन लालेलाल चन्दनमाँ हे
मुठी एक उँच छथीन ........

दशरथ गोर कौशिल्या गोरी राम भरत किया करीया हे
बुझि परैय किछु गडबड अछी बितगेल हुनकर उमरीया हे
मुठी एक उँच छथीन ........

साजी बरात अबध पुरी सौँ आयल मिथिला नगरीया
सब मिथिलानी बरात परिछकै जुरय लैन अपन नयनमा हे
मुठी एक उँच छथीन सीयाके सजनवाँ हे ।।

Tuesday, August 5, 2014

Maithili Sirhar Geet - Ram Katek din varab hum gagari

               सिरहर


कते दिन राम भरब हम गगरी
ठाडे त भरब गगरी नहि डुबे, निहुकी के भरब भिजब मोर चुनरी
कते दिन राम भरब हम गगरी
नहु नहु चलब, रोय घर बालक, झटकी चलब छलक मोरा गगरी
कते दिन राम भरब हम गगरी


रुनु झुनु रुनु झुनु पायल बाजे, पायल शब्द सुनी हँसे सारी नगरी
पातर कुईया पतल बसे पानी, बिच पकामे टुट गेल रसरी
कते दिन राम भरब हम गगरी














Sunday, July 6, 2014

Maithili Maheshwani Song - Apni barat shiv sajiliyo re

महेशवाणी


 अपनी बरात शीव साजीलियोरे, हिमाचल नगरीया
हाराके काडा, करैत के मौरी, सर्पके माला बनालियोरे हिमाचल नगरीया
अपनी बरात शीव साजीलियोरे, हिमाचल नगरीया

 जब शीव साजात अपनी बरतीया, भुत यो प्रेत संग साथ लियोरे हिमाचल नगरीया
अपनी बरात शीव साजीलियोरे, हिमाचल नगरीया

 परीछन चल्ली सासु मनाईन, नाग बेचारा फुफुकार, दीओरे हिमाचल नगरीया
अपनी बरात शीव साजीलियोरे, हिमाचल नगरीया

 छाला डाला पटकोल पुरहर फोरल बर देखनके सखी सब आओल
ओ त जोरस ठहका पारदीओरे हिमाचल नगरीया ।।
अपनी बरात शीव साजीलियोरे, हिमाचल नगरीया

 






Saturday, June 7, 2014

Maithili Phool Lodhan Song - Tirhut nagariya me bel ke re gachhiya

     बेलपात लोठ के गीत


तीरहुत नगरीया मे बेल के रे गछीया हे सोहाबन लागे 
रघुबर तोरत बेलपात हे ।।
तीरहुत नगरीया मे फुल के रे गछीया हे दुल्हा तोरत अरहुल फुल हे सोहाबन लागे ।।
सोनाके साजी गौरी तोरु बेलपात हे सोहाबन लागे ।।
सीता पुजु गनराज हे सोहाबन लागे ।।
( २ )
बगीया मे आयल छथी श्याम कीशोर, देखी देखी मनमा नाचे जेना नाचे मोर
माथ मकुट शोभे हाथ शोभे धनुषा नैना काजर शोभे तिरछी नजरीया 
मन मुस्कान करे मन मोहे मोर, देखी देखी मनमा नाचे जेना नाचे मोर ।।
कहलो नै जाय सखी रुप बदनमा, चारु दिश घुमी घुमी लोठीलेला चम्पाके कलीया
लोठन गईले दुई चीत चोर, देखी देखी मनमा नाचे जेना नाचे मोर ।।
जेना कमल छथी श्यामलबदनमा तेहने सुन्दर छथी बनीके सजनमा
बगीयामे आयल छथी श्याम कीशोर, देखी देखी मनमा नाचे जेना नाचे मोर ।।




Thursday, May 15, 2014

Maithili Fool lodhan ke geet - Tirhut nagariya me bel ke re gachhiya

बेलपात लोठ के गीत


तीरहुत नगरीया मे बेल के रे गछीया हे सोहाबन लागे
रघुबर तोरत बेलपात हे ।।
तीरहुत नगरीया मे फुल के रे गछीया हे दुल्हा तोरत अरहुल फुल हे सोहाबन लागे ।।
सोनाके साजी गौरी तोरु बेलपात हे सोहाबन लागे ।।
सीता पुजु गनराज हे सोहाबन लागे ।।

बगीया मे आयल छथी श्याम कीशोर, देखी देखी मनमा नाचे जेना नाचे मोर
माथ मकुट शोभे हाथ शोभे धनुषा नैना काजर शोभे तिरछी नजरीया
मन मुस्कान करे मन मोहे मोर, देखी देखी मनमा नाचे जेना नाचे मोर ।।
कहलो नै जाय सखी रुप बदनमा, चारु दिश घुमी घुमी लोठीलेला चम्पाके कलीया
लोठन गईले दुई चीत चोर, देखी देखी मनमा नाचे जेना नाचे मोर ।।
जेना कमल छथी श्यामलबदनमा तेहने सुन्दर छथी बनीके सजनमा
बगीयामे आयल छथी श्याम कीशोर, देखी देखी मनमा नाचे जेना नाचे मोर ।।

Tuesday, May 6, 2014

Maithili Samaidh ke geet - samaidh vojan karaixii

समैध के गीत


समैध भोजन करैछी लजाई छी किया
राखी आगुमे थारी पछताई छी किया
कोनो होत अनुन कोनो होत नुनगर
आँहा मनमे छीपाये तमसाइै छी किया
पढेलौँ लीखेलौँ सेहो दाम लेलौँ
जखन दुधो के लैछीँ हिसाब तँ जन्मेलौँ किया
समैध भोजन करैछी लजाई छी किया
राखी आगुमे थारी पछताई छी किया






 

किछु आरो समैध के गीत भिडियो मे





Thursday, April 17, 2014

Maithili Gauri pujan song - Gauri puja chalu ge beti

गौरी पुजन


गौरी पुज चलु गे बेटी, अम्मा से माँगु सोहाग गे ।
बेटी तिन फुल लय गौरी पुजब बेली चमेली गुलाब गे
बेटी तिन फुल लय गौरी पुजब केला, नरीयल, लताम गे 
गौरी पुज चलु गे बेटी, अम्मा से माँगु सोहाग गे । ।

बेटी तिन बस्त्र लय गौरी पुजब टेरलींग, चाईनीज, जपानी गे
बेटी तिन सिन्दुर लय गौरी पुजब पीपा, चीन, मटीया सीन्दुर गे
गौरी पुज चलु गे बेटी, अम्मा से माँगु सोहाग गे । ।



किछु आरो मैथिली गौरी पुजन गीत भिडियो मे




Maithili Sindur daan Song - Ram Sindur liya haat son supari k saath

सिन्दुर दान


राम सिन्दुर लीय हाथ सोन सुपारी के साथ, सिता उघारी लिय माँग सिन्दुर लयला राम ।।
के माथोमे शोभे मौरी, सिता सबदीन पुजथी गौरी, सिता उघारी लिय माँग सिन्दुर लयला राम ।।
के सीरो मे शोभे चन्दन, सीता हाँथमे पहिरु कङ्गन, सिता उघारी लिय माँग सिन्दुर लयला राम ।।
के नैना मे काजल कारी, सिता के डारमे शोभे सारी, सीता उघारी लिय माँग सिन्दुर लयला राम ।।
के ओठमे पानक लाली, सिताके नाकमे नथीया बाली, सिता उघारी लिय माँग सिन्दुर लयला राम ।।
                                                           (२)
देखु लगनी चीरईया लगन लीए जाय, काचँही बाँसके मरबा बनाओल आहे केलाके पात सहित लिए जाय
बाबा भी बैठे दादी भी बैठे पोतीके जोरी खुशी सँ लिए जाय, देखु लगनी चीरईया लगन लीए जाय
पापा भी बैठे आम्मा भी बैठे बेटाके जोरी खुशी सँ लिय जाय, देखु लगनी चीरईया लगन लीय जाय
भैया भी बैठे भाबी भी बैठे नन्दीको जोरी खुशी सँ लिय जाय, देखु लगनी चीरईया लगन लीय जाय



किछु आरो मैथिली सिन्दुर दानक गीत भिडियो मे






Maithili Parichhan song - Dekhu dekhu dekhu bahina sajani hamar hai

परिछन गीत


देखु देखु देखु बहिना सजनी हमार हे
सुन्दर पहुनँमा आयल जनक दुआर हे 
माथे मानी मौरी शोभे चाँन्न लीलार हे
ओठबा पर पानक लाली मुसके पाहुन सरकार हे
झुलफनके पोलन सोभे आँखी काजर हे 
तीरछी तकन मोर हसे दिलदार हे
सासु सुनैना परीछन करे बारबार हे
सब कियो मँगल गावे होत जय जय कार हे ।।


किछु आरो मैथिली परिछन गीत भिडियो मे





Tuesday, March 25, 2014

Maithili Song - Fool lodhan gaye fulbariya sita ke sang saheliya

फुल लोठनके गीत


फुल लोठन गए फुलबरीया, सिताके सँग सहेलीया
कोई चेली लोठे कोई बेली लोठे, कोई लोठलीया सब रँगके कलीया, सिता के सँग सहेलीया
फुल लोठन गए फुलबरीया, सिताके सँग सहेलीया
फुल लोठन गए फुलबरीया, सिताके सँग सहेलीया
कोई चमेली लोठे कोई गुलाब लोठे, कोई लोठलीया सब रँगके कलीया, सिता के सँग सहेलीया

                  (२)
सिता हमर सुकुमारी हो, फुल लोठन जैती
कथीमे लोठब बेली चमेली, कथीमे लोठब गुलाब हे, फुल लोठन जैती
साजीमे लोठब बेली चमेली, खोइछा मे लोठब गुलाब हे, फुल लोठन जैती
केकरा सँ माँगब अनधन सोनमा केकरा सँ माँगब सोहाग हे, फुल लोठन जैती
लक्ष्मी सँ माँगब अनधन सोनमा गौरी सँ माँगब सोहाग हे, फुल लोठन जैती
सिता हमर सुकुमारी हो, फुल लोठन जैती
(३)
हरियर हरियर बेल के रे गछीया हे, सखी कोबर घरमे
केए तोरत बेलपात हे सखी कोबर घरमे
हरियर हरियर बेल के रे गछीया हे, सखी कोबर घरमे
रघुबर तोरत बेलपात हे, सखी कोबर घरमे
कथी के साजी कथी के झपना, केए तोरत बेल पात हे, सखी कोबर घरमे
मोने के साजी सखी हे, रुपेके झपना रघुबर तोरत बेलपात हे, सखी कोबर घरमे

                   (४)
गेन्दाके फुल बर लाल गे मलीनिया, गेन्दाके फुल बर लाल
कथीमे लोठब बेली चमेली, कथीमे लोठब गुलाब गे मलीनिया, गेन्दाके फुल बर लाल
साजीमे लोठब बेली चमेली, खोईछामे लोठब गुलाब गे मलीनिया, गेन्दाके फुल बर लाल
केकरासँ माँगब अनधन सोनमा, केकरासँ माँगब सोहाग गे मलीनिया, गेन्दाके फुल बर लाल
लक्ष्मी सँ माँगब अनधन सोनमा, गौरी सँ माँगब सोहाग गे मलीनिया, गेन्दाके फुल बर लाल

 

Wednesday, March 5, 2014

Maithili Song- Kiya nai kahlau pahine hamara sa prem aichha

 

                  मैथिली गीत


किए नै कहलौ पहिने, हमरा सँ प्रेम अइँछ
हमरासँ मिललेल हिया बेचैन अइँछ
किए नै कहलौ पहिने, किया नै कहलौ पहिने हमरा सँ प्रेम अइँछ
हमरासँ मिल लेल, हमरा सँ मिल लेल हिया बेचैन अइँछ
किए नै कहलौ पहिने .....

नयनमा त कहिते रहे, हो ... नयनमा त कहिते रहे, नयनमा त कहिते रहे कि राजा अहिसँ प्रेम अइँछ
बुझ नै सकलौँ इ त, बुझ नै सकलौँ इ त गल्ति अपन अइँछ
नयनमा त कहिते रहे ........

हो...... ऐतक दिन कोना रहलौँ, प्रेम नुकाक 
कतेक निहाल होइतौ आहाँके पा क
हो ...... कते बेर कह चहलौँ, कहलौ नै लजाक
नयनमा मे रखने छलौ सबसँ बचाक
हो ....... एक बेर कहि देतौ, हो ....... एक बेर कहि देतौ कि धन इ हमर अइँछ
किए नै कहलौ पहिने .....

हो ........ कतेक दिन अकेले रहलौ, दुनियाके भिडमे
आहाँ सँ भेट्लेल पुजैत रहलौ मन्दिरमे
हो ...... छोडु जे भेलै से भेलै, अव नै विसराएब
प्रेमके नाता र्ई जिवन भर निभाएब

हो ...... किए नै कहलौ पहिने, हमरासँ प्रेम अइँछ
हमरासँ मिललेल हिया बेचैन अइँछ
नयनमा त कहिते रहे कि राजा अहिसँ प्रेम अइँछ
बुझ नै सकलौँ इ त, बुझ नै सकलौँ इ त गल्ति अपन अइँछ
हो ...... किए नै कहलौ पहिने .....

किए नै कहलौ पहिने, हमरा सँ प्रेम अइँछ
हमरासँ मिललेल हिया बेचैन अइँछ
किए नै कहलौ पहिने, किया नै कहलौ पहिने हमरा सँ प्रेम अइँछ
हमरासँ मिललेल, हमरा सँ मिललेल हिया बेचैन अइँछ
किए नै कहलौ पहिने  .....

नयनमा त कहिते रहे, हो  ..... नयनमा त कहिते रहे, नयनमा त कहिते रहे कि राजा अहिसँ प्रेम अइँछ
बुझ नै सकलौँ इ त, बुझ नै सकलौँ इ त गल्ति अपन अइँछ
नयनमा त कहिते रहे  .....

हो  ..... ऐतक दिन कोना रहलौँ, प्रेम नुकाक 
कतेक निहाल होइतौ आहाँके पा क
हो  ..... कते बेर कह चहलौँ, कहलौ नै लजाक
नयनमा मे रखने छलौ सबसँ बचाक
हो  ..... एक बेर कहि देतौ, हो  ..... एक बेर कहि देतौ कि धन इ हमर अइँछ
किए नै कहलौ पहिने  .....

हो  ..... कतेक दिन अकेले रहलौ, दुनियाके भिडमे
आहाँ सँ भेट्लेल पुजैत रहलौ मन्दिरमे
हो  ..... छोडु जे भेलै से भेलै, अव नै विसराएब
प्रेमके नाता र्ई जिवन भर निभाएब

हो  ..... किए नै कहलौ पहिने, हमरासँ प्रेम अइँछ
हमरासँ मिललेल हिया बेचैन अइँछ
नयनमा त कहिते रहे कि राजा अहिसँ प्रेम अइँछ
बुझ नै सकलौँ इ त, बुझ नै सकलौँ इ त गल्ति अपन अइँछ
हो  ..... किए नै कहलौ पहिने  .....

Monday, March 3, 2014

Maithili Song - Shankar du Shankar gabait chalu

                  नचारीे


शंकर दु शंकर गाबैत चलु जटा सँ गँगा बहाबैत चलु
कैलाश मे आयल जे दीन दुःखीया सबके गला लगाबैत चलु
जटा सँ गँगा बहाबैत चलु, हाथमे डमरु बजाबैत चलु
मस्तक पर चँन्दन लगाबैत चलु, हाथमे त्रिशुल रखैत चलु
गलामे सर्प लगाबैत चलु, अँगोमे विभुत रमाबैत चलु, जटा सँ गँगा बहाबैत चलु ।।

(२)

अरजी अरजी भोला ककरा कँ दै छि, घरमे किछ नै देखैछि
बारी बारीसँ भाँग चुनैछी आँचर पर सुखै छी, अरजी ..... २
कार्तीके गणपती झगडा कैलनी तिनका नै देखैछी
बान्हल बसँहा घाँसो नै खाई छै, डोरा किया नम्हर छै, अरजी ...... २
जहिया सँ भोला सँ घर अयलहु दुःख छोरी सुख नै देखैछी

Tuesday, February 25, 2014

Maithili Samadhi Song- Jaldi Jaldi khau pahun

                  समधी


जल्दी जल्दी खाउँ पाहुन राईत बितैय
एक कनटर तेल हमरा डेली जरैय
भात ताबे खाउँ पाहुन दाल अबैय
तरकारी ला गारी बजार गेलैय
बरी ताबे खाउँ समैध सकरउरी अबैय
तेल ला मुखिया साहेब परमेन्ट कटैय
दही ताबे खाउँ समैध घी अबैय
चीनि ला मुखिया साहेब परमेन्ट कटैय
                  (२)
समैध और सुनब गीत
दाल खेलौ, भात खेलौ, और खेलौ घी
चलैत के बेर समैध टीक पर लेसब दीप
समैध और सुनब गीत
दुध खेलौ, दहि खेलौ, और खेलौ घी
चलैत के बेर समैध टीक पर लेसब दीप
समैध और सुनब गीत

Wednesday, February 19, 2014

Maithili Parichhan Song- Kawane nagariya se aayal baratiya

                परीछन


कवने नगरीया से आयल बरीयतिया हे रस प्रीती माती
कवने नगरीया भेल शोर हे रस प्रीती माती ।।
श्री अबध नगरीया से आयल बरीयतीया हे रस प्रीती माती
श्री मिथिला नगरीया भेल शोर हे रस प्रीती माती ।।
एहन बरीयतीया हम कबहु न देखली हे रस प्रीती माती
देखीते लोभाएल जियरा मोर हे रस प्रीती माती ।।
चलु चलु सब देखी आउँ बरीयतीया हे रस प्रीती माती
पहिर लिअ लहँगा पटोर हे रस प्रीती माती ।।

देखु देखु देखु बहिना सजनी हमार हे
घोडबा चढल अबथीन दुल्हा सरकार हे
बजबा अनेक रङ्ग कइक हजार हे
बहुत बरियतीया सँग पावैन पार हे
चलु सभ बिदेह दुअरीया सुनु एक बिचार हे
दुल्हा के रुप देखब मौरीक लहरदार हे
कहथीन कनकलता देखु हिये बीचार हे
चारो दुल्हीन जोग चारो कुमार हे ।।

Thursday, February 13, 2014

Maithili Beti Pashahin song- aaju sohaban sita ke pasahin he sohaban lage

                   बेटी पसाहिन


आजु सोहावन सीताके पसाहिन हे सोहावन लागे ।
शुभ शुभ अपटन लगाउँ हे सोहावन लागे
कथी के अपटन कथी के तेल हे सोहावन लागे
कथी के पीसल कसार हे, सोहावन लागे
आजु सोहावन सीताके पसाहिन हे सोहावन लागे । ।

सरीसो के अपटन अतरक तेल हे सोहावन लागे 
सरीसो पीसल कसार हे सोहावन लागे
केये असाहिन केये पसाहनी हे, केये झारथिन नामी नामी केस हे, सोहावन लागे
अम्मा असाहिन चाची पसाहिन पीसी झारथिन नामी नामी केस हे, सोहवन लागे
आजु सोहावन सीताके पसाहिन हे सोहावन लागे । ।

 

 

Saturday, February 8, 2014

Maithili Batgawani Song - Sanehiya lagaka daga delkai sakhi he

                बटगवनी


स्नेहीया लगाकँ दागा देलकै सखी हे, प्रितीया लगाके दागा देलकै सखी हे

इ हम जनीतौहु सखी हे, पीया चली जैतासे ठोकीतहुँ बज्र केबार सखी हे,

स्नेहीया .....

बज्र केबार सखी हे खुजी फुजी जेतैसे बन्तिहुँ अंचरा के खुट सखी हे,

स्नेहीया .....

अँचराके खुट सखी हे खुजी फुजी जेतैसे बन्तिहँु रेशमक डोरी सखी हे,

रेशमक डोरी सखी हे टुटी फाटी जेतैसे पलंगे पर किरिया खुअबिती सखी हे,

इ हम जनीतौहु सखी हे, पीया चली जैतासे पनमा खुआके मनमा मोही तहुँ सखी हे

जरदा खुआई मनमा मोहीतहुँ सखी हे

जरदा के नीसा सखी हे पियाजी के लगीतैसे मन परीतै पुरब स्नेहीया सखी हे

स्नेहीया लगाकँ दागा देलकै सखी हे । ।

Thursday, February 6, 2014

Maithili Chaitabar Song - yehi tham motiya herayal ho ram

                    चैइताबर


एही ठाम मोतीया हेरायल हो राम, काहाँ हम ढुढुँ
कोठामे ढुढलौँ कोठलीयामे ढुढलौँ, ढुढली पियाके पंलगीया हो राम, काँहा हम ढुढुँ
सासु सँ पुछलौँ ननदीया सँ पुछलौँ, पियाके पुछैत सरमैलौ हो राम, काँहा हम ढुढुँ
ढुढीते ढुढीते मे बितल सारी रतीयाँ बीतीगेल दीन दुपहरीया हो राम, काँहा हम ढुढुँ । ।

(२)

राधा तेजल प्रणमा हो राम, आहाँके करणमा
जबसे कृष्णा गेल मथुरा नगरीया, बसीगेल कुबजी सौतीनीया हो राम, कन्हाँ के करणमा
सोलहो श्रृँगार बतीसो अभिरनमा नागीन साजल गहनमा हो राम
कथीला लोठब बेली चमेली कथीला गुथब फुल हार हो राम, कन्हाँ के करणमा
नीस दीन सोचथी मातु सुनैना रानी बितीगेल चैत महिना हो राम, कन्हाँ के करणमा । ।

Tuesday, January 28, 2014

Maithili Jebnaar Song- Ram Lakhan san sundar bar ke

                 जेबनार


राम लखन सन सुन्दर बरके जनी कोई पढीयौन गाइर हे 
केबल हासँ बिनोघक पुछीयौन उचीत कथा दुई चारी हे
प्रथम कथा पुछीयौन सजनी से कहता कनेक बिचारी हे
गोर दशरथ गोर कौशिल्या भरथ राम किया कारी हे
सुनु सखी एक अनुपम घटना अचरज लागत भारी हे
खीर खाय बालक जनयौ लैनी अबधक नारी छीनारी हे
अकथ कथा की बाजु सजनी रघु कुल के गती न्यारी हे
साठी हजार प त्र जमौलन सगरक नारी छीनारी हे
स्नेहलता कीछु आब नै कहियौन एतबे करथी करारी हे
हँसी खुशी मिथिलासे जयता भाबी देती अपन मतारी हे । ।

Sunday, January 19, 2014

Maithili Ghazal - Uthak najari aaha jakhan jhuka leliyai

       मैथिली गजल 


उठा’क नजरि अहाँ जखन झुका लेलिएै
लजा’क पाएर अहाँ जखन नुका लेलिएै

रुप देखि एहन सुधि हरयलहुँ हम
घर जायब कोना रस्ता हम भुला गेलिएै

चान सन मुखडा केश कारी मेह'क सन
घण्टी मंदिर के जेहन श्वर सुना देलिएै

लगन जोर छल तैं संगम भेल अपन
गीत प्रीत'क संग संग गुनगुना लेलिएै

रचना सॉ अहाँ’क मोह एतेक हे ई्श्वर !
पुष्प प्रेम'क की करु जरि जे सुखा देलिएै

पिआस बढिते छल की दैव'क दोख देखू
लहास अपने कन्हा अपन उठा लेलिएै

अछि बेटि मे सजल जे प्रतिरुप अखन
पूँजी नेह'क ओकरे उपर लुटा देलिएै

फेरो असगर छी आबि अहाँ यादि बहुत
बिदा बेटि के केलौं आत्मा हम जुरा लेलिएै

धुल जमल फोटो देखैत जे नोर झरल
हवा तेज छलै ओकरा हम उडा देलिएै …!        ...अनिल मल्लिक

Maithili Ghazal - Nahi nayan kataarsa war karu

            गजल


नहि नयन कटारसँ वार करू

जुनि कामिनी एहन श्रृङ्गार करू

लिअ हारि जाई छी हम खुशी खुशी

जीवनक पथ पर तैआर रहू

धेआन हमर छै भटकि रहल

अहाँ हाल ने हमर बेहाल करु

जिनगीक रस्तामेँ जे छै धूप छाँह

काटि लेबै खुशीसँ बस हाथ धरु

अहाँ पिरीति केलौँ स्विकार हमर

जिनगी अहाँ लिअ उपहार धरु

सुख दुख जिनगी भरि चलिते छै

अहाँ साँस बनि हमर साथ रहू

सम्हारु घर आँगन तुलसी चौरा

जीवन बैतरणी सँगे पार करु…!            ….अनिल मल्लिक

Wednesday, January 1, 2014

Lyrics of Maithili Parichhan song - Purab Paschhim sa aayal sundar dulha

                       परीछन


पुरब पछीम स आएल सुन्दर दुल्हाँ जुराबे लगली हे सासु अपुनी नयनमा, जुराबे लगली हे 
माथे मानी मौरी सोभे, कुन्डल सोभे कानमा २
रेशम कँ हाँथ हे सोभे आमके कंगनमा
बाजन लागु हे, सतरंगी बजनमा २
नयन काजल सोभे सीर पर चन्दनमा,
ओठ बामे पानके लाली, मुसके पाहुनमा जुराबे लगली हे सासु अपुनी नयनमा .......

साठल हाला डाला लेसल दीयरा डाला भरी साठल दुभी ओ धनमा 
सासु परीछे सीया निरेखे सजनमा, सखी सब मँगल गाबे, मुसके पाहुनमा
बजन लागु हे, सतरंगी बजनमा,
पुरब पछीम स आएल सुन्दर दुल्हाँ जुराबे लगली हे सासु अपुनी नयनमा,
जुराबे लगली हे .................

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